03 December 2020

दिल्ली में रासुका लागू : शक की बुनियाद पर पुलिस 3 महीने तक किसी को भी ले सकती है हिरासत में

Thumb

नई दिल्ली: दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने एक अधिसूचना जारी कर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत दिल्ली पुलिस कमिश्नर को शक की बुनियाद पर  किसी बी व्यक्ति को हिरासत में लेने का अधिकार दे दिया है।

प्रशासन को सुरक्षा के नज़रिये से किसी भी व्यक्ति से कोई भी खतरा महसूस होता है  तो ये कानून महीनों तक उस व्यक्ति को हिरासत में रखने का अधिकार देता है,  अधिसूचना के मुताबिक उपराज्यपाल ने राष्ट्रीय सुरक्षा कानून 1980 की धारा तीन की उपधारा (3) का इस्तेमाल करते हुए 19 जनवरी से 18 अप्रैल तक दिल्ली पुलिस आयुक्त को ये अधिकार दिया. 1980 में इंदिरा गांधी सरकार के दौरान बने इस कानून के तहत किसी भी व्यक्ति को बिना किसी आरोप के केवल शक के आधार पर कम से कम तीन महीने से लेकर अधिकतम एक साल के लिए हिरासत में रखा जा सकता है.

गौरतलब है कि सीएए कानून को लेकर तमाम लोग धरनों पर बैठे हुये हैं और दिल्ली में चुनावी बिगुल भी बज चुका है

 

Latest News